नई दिल्ली।
मध्य-पूर्व में जारी तनाव के कारण समुद्री मार्गों पर खतरा बढ़ने से एलपीजी की आपूर्ति प्रभावित होने की आशंका पैदा हो गई है। इसी बीच दो एलपीजी टैंकर भारत के गुजरात स्थित बंदरगाहों की ओर रवाना हो चुके हैं, जबकि करीब 22 जहाज अभी भी समुद्री मार्ग में फंसे हुए हैं।
सूत्रों के अनुसार स्थिति को देखते हुए भारत ने सतर्कता बढ़ा दी है और जरूरत पड़ने पर जहाजों को सुरक्षित लाने के लिए Indian Navy को तैयार रहने का निर्देश दिया गया है।
गुजरात के बंदरगाहों की ओर बढ़ रहे टैंकर
रिपोर्ट्स के मुताबिक एलपीजी से भरे दो टैंकर गुजरात के प्रमुख बंदरगाहों की ओर बढ़ रहे हैं। इन टैंकरों के पहुंचने से भारत में गैस की आपूर्ति को कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
22 जहाज अभी भी समुद्र में फंसे
वहीं कई जहाज सुरक्षा कारणों और समुद्री मार्गों में जोखिम के चलते अभी आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं। बताया जा रहा है कि करीब 22 जहाज अब भी रास्ते में रुके हुए हैं, जिससे आपूर्ति में देरी हो सकती है।
जरूरत पड़ने पर नौसेना करेगी एस्कॉर्ट
सरकारी सूत्रों के अनुसार अगर स्थिति और तनावपूर्ण होती है तो Indian Navy एलपीजी टैंकरों को युद्धपोतों की सुरक्षा में भारतीय बंदरगाहों तक पहुंचाने की व्यवस्था कर सकती है।
घरेलू बाजार पर नजर
सरकार और पेट्रोलियम कंपनियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, ताकि देश में रसोई गैस की आपूर्ति प्रभावित न हो और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके।
