जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर में होने जा रहे IIFA अवार्ड्स 2025 को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस ने राज्य सरकार पर आरोप लगाया है कि IIFA के आयोजन के लिए 100 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जबकि राज्य में शिक्षा, स्वास्थ्य और बुनियादी सुविधाओं की हालत खराब है। इस मुद्दे पर सियासी माहौल गरमा गया है।
कांग्रेस के आरोप
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस नेताओं ने सरकार के फैसले को गैरजरूरी खर्च बताया है। कांग्रेस का कहना है कि सरकार जनता की गाढ़ी कमाई को ग्लैमर शो पर लुटा रही है, जबकि किसान, बेरोजगार और गरीबों की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा।
सरकार का बचाव
राज्य सरकार ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि IIFA अवार्ड्स से राजस्थान को वैश्विक स्तर पर पर्यटन और फिल्म उद्योग में पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री का कहना है कि इस इवेंट से हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा और राज्य की अर्थव्यवस्था को फायदा होगा।
भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने
इस मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने आ गए हैं। भाजपा नेताओं का कहना है कि यह आयोजन राज्य की ब्रांडिंग के लिए जरूरी है, जबकि कांग्रेस इसे “बेवजह की फिजूलखर्ची” बता रही है।
जनता की क्या राय?
सोशल मीडिया पर भी यह मुद्दा चर्चा में है। कुछ लोग इसे राजस्थान की छवि सुधारने वाला कदम मान रहे हैं, तो कुछ का कहना है कि यह जनता के पैसे की बर्बादी है।
अब देखना होगा कि सरकार और विपक्ष के बीच यह सियासी घमासान कितना लंबा चलता है और IIFA अवार्ड्स का आयोजन सुचारू रूप से हो पाता है या नहीं।